रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार वनाश्रित परिवारों के बच्चों के भविष्य को संवारने की दिशा में निरंतर बड़े कदम उठा रही है। इसी कड़ी में वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री केदार कश्यप ने आज नया रायपुर स्थित अपने निवास कार्यालय से 12.26 करोड़ रुपए की छात्रवृत्ति राशि का ऑनलाइन वितरण किया। छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज सहकारी संघ मर्यादित द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं के तहत जिले के 8 हजार 631 प्रतिभावान विद्यार्थियों के खातों में यह राशि सीधे अंतरित की गई।
विद्यार्थियों के सपनों को मिल रहा संबल
इस योजना का प्राथमिक उद्देश्य तेंदूपत्ता संग्राहक परिवारों के बच्चों को आर्थिक तंगी के बिना उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए प्रोत्साहित करना है। मंत्री श्री कश्यप ने कार्यक्रम के दौरान कहा कि सरकार केवल लघु वनोपज संग्रहण तक सीमित नहीं है, बल्कि हमारा लक्ष्य वनाश्रित परिवारों का सर्वांगीण सशक्तिकरण है। जब एक तेंदूपत्ता संग्राहक परिवार का बच्चा भारतीय वन सेवा जैसी प्रतिष्ठित सेवाओं में चयनित होता है, तो वह हमारी योजनाओं की सबसे बड़ी सफलता है। वन मंत्री श्री केदार कश्यप ने श्रेणीवार लाभ एक नज़र में योजना के तहत मेधावी छात्रों से लेकर तकनीकी शिक्षा प्राप्त कर रहे युवाओं तक को लाभ पहुंचाया गया है।
योजना के लाभार्थी की संख्या एवं वितरित राशि प्रतिभाशाली शिक्षा प्रोत्साहन योजना
प्रतिभाशाली शिक्षा प्रोत्साहन योजना 6,133 लाभार्थी को 11.39 करोड़ रुपए की छात्रवृत्ति राशि का ऑनलाइन वितरण किया। इसी प्रकार मेधावी छात्र पुरस्कार योजना 1,639 लाभार्थी को 44.85 लाख रुपए, गैर-व्यावसायिक शिक्षा छात्रवृत्ति 788 लाभार्थी को 35.72 लाख रुपए व्यावसायिक शिक्षा छात्रवृत्ति योजना 71 लाभार्थी को 6.15 लाख रुपए की छात्रवृत्ति राशि का ऑनलाइन वितरण किया। बहुआयामी योजनाओं से लाभान्वित हो रहे छात्र राज्य सरकार द्वारा 10वीं और 12वीं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों के साथ-साथ इंजीनियरिंग, मेडिकल और अन्य व्यावसायिक पाठ्यक्रमों में अध्ययनरत छात्रों को भी सहायता दी जा रही है। यह छात्रवृत्तियां वनांचल के युवाओं के लिए उज्ज्वल भविष्य का मार्ग प्रशस्त कर रही हैं। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज सहकारी संघ के अध्यक्ष रूपसाय सलाम, उपाध्यक्ष यज्ञदत्त शर्मा, प्रबंध संचालक अनिल कुमार साहू सहित विभागीय अधिकारी और सहकारी संघ के जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
