ट्रंप की रणनीति से भारत-पाक में नया पेंच, डिफेंस डील वाली कंपनी का पाकिस्तान कनेक्शन आया सामने

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एक भारतीय रक्षा फर्म ने अमेरिकी की ड्रोन फर्म के साथ करार किया है। यह कंपनी डोनाल्ड ट्रंप के बेटे की है। हालांकि इस डील में एक ऐसा पॉइंट है, जो ध्यान खींचने वाला है। असल में इसी अमेरिकी कंपनी की डील पाकिस्तान के साथ भी होने वाली है। भारत की रक्षा फर्म पारस डिफेंस एंड स्पेस टेक्नोलॉजीज ने अमेरिकी ड्रोन कंपनी पावरस के साथ जून में डील की है। यह डील पारस डिफेंस के गार्डियन-1 काउंटर ड्रोन सिस्टम के लिए किया गया है। इंडिया टुडे के मुताबिक अब इसी कंपनी ने पाकिस्तान के साथ सितंबर में डील की है। इस तरह से यह एक दुर्लभ उदाहरण है, जब भारत और पाकिस्तान, दोनों के लिए मिलिट्री हार्डवेयर का सप्लायर एक ही होगा।
भारतीय कंपनी को क्या अधिकार

30 जून को, पारस डिफेंस ने टैंडेम डिफेंस एलएलसी के साथ एक इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी लाइसेंसिंग समझौता किया। भारत के साथ हुए समझौते के तहत, पारस डिफेंस भारत में पावरस के गार्जियन इंटरसेप्टर को बनाएगा और बेचेगा। लाइसेंस की शुरुआती अवधि 12 महीने की है। आगे चलकर इसे आपसी सहमति से रीन्यू किया जा सकता है। पावरस को भारत में बिक्री से लाइसेंस शुल्क और शुद्ध लाभ का हिस्सा मिलेगा। पारस डिफेंस के मुताबिक गार्जियन-1 इंटरसेप्टर एक हाई-स्पीड, बैटरी-पावर्ड काउंटर-ड्रोन सिस्टम है। पावरस ने इसे हवाई खतरों से मुकाबला करने के लिए विकसित किया है। इसे दुश्मन की तरफ से हवा में किसी भी तरह के अनमैन्ड खतरे को काउंटर करने के लिए डिजायन किया गया है। इसकी कीमत भी काफी कम रखी गई है।
पाकिस्तान के साथ समझौते में क्या

भारत के साथ हुआ यह समझौता पावरस की पाकिस्तान के साथ सितंबर में की गई डील से पहले का है। अमेरिकी ड्रोन कंपनी ने पाकिस्तान सेना के साथ एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं। इसमें बिना पायलट वाले एरियल सिस्टम से जुड़े शुरुआती आदेश शामिल थे। पाकिस्तान के ऑर्डर या इक्विपमेंट से जुड़ी डिटेल सामने नहीं आई है। 16 सितंबर को, पावरस का एक प्रतिनिधिमंडल पाकिस्तान सेना के प्रमुख आसिम मुनीर से मिला। पाकिस्तानी सेना ने कहा कि चर्चाओं में रक्षा खरीद, उत्पादन और क्षमता निर्माण शामिल थे। बता दें कि पावरस का अक्टूबर की शुरुआत में नैस्डेक लिस्टेड ऑरियस ग्रीनवे होल्डिंग में मर्जर होने वाला है। ऑरियस ग्रीनवे में डोनाल्ड ट्रंप के बेटों, डोनाल्ड ट्रंप जूनियर और एरिक ट्रंप की हिस्सेदारी है।
क्या बोले ट्रंप के बेटे

हालांकि पाकिस्तान के साथ हुई डील को लेकर पावरस की तरफ से सफाई देते हुए एक बयान भी जारी किया गया था। इस बयान में पावरस कंपनी ने कहा था कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बेटों का कंपनी के काम-काज से कुछ लेना-देना नहीं है। साथ ही पावरस ने पाकिस्तान के साथ डील में भी ट्रंप के बेटों की भूमिका से इनकार किया है। अमेरिकी राष्ट्रपति के बेटे डोनाल्ड ट्रंप का कहना है कि उन्हें इस तरह की किसी डील की जानकारी नहीं है।

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