काेरबा। जिले के करतला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान आईटीआई में फर्जी दस्तावेज के सहारे नौकरी करने का मामला सामने आया है। तेलंगाना के एक प्राइवेट काॅलेज का फर्जी अनुभव प्रमाण पत्र और बैंक स्टेटमेंट प्रस्तुत कर प्रशिक्षक की नौकरी करने वाले युवक को पुलिस ने गिरफ्तार कर ज्यूडिशियल रिमांड पर जेल भेज दिया है। आरोपी बीते एक साल तक संस्थान में मजे के साथ नौकरी करते रहा। दस्तावेजों की जांच में फर्जीवाड़े का खुलासा होने पर उसने नौकरी से इस्तीफा दे दिया था।
वर्ष 2023 में आईटीआई में प्रशिक्षक समेत विभिन्न पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया शुरू हुई थी। इस दौरान सिविल लाइन थाना क्षेत्र के एमपी नगर निवासी अनिकेत कर्ण ने आवेदन किया था, आवेदन के साथ तेलंगाना स्थित विस्टन कॉलेज में प्रशिक्षणकर्ता के रूप में कार्य करने का अनुभव प्रमाण पत्र जमा किया। उसने प्रतिमाह 15 हजार 600 रुपये वेतन मिलने की जानकारी देते हुए बैंक स्टेटमेंट भी जमा किया था।
दस्तावेजों के आधार पर अनिकेत की नियुक्ति करतला आईटीआई में प्रशिक्षक पद पर कर दी गई। विभागीय सत्यापन के दौरान अनुभव प्रमाण पत्र और बैंक स्टेटमेंट दोनों फर्जी पाए गए। फर्जीवाड़ा सामने आने के बाद अनिकेत ने वर्ष 2024 में नौकरी से त्यागपत्र दे दिया था। जांच पूरी होने पर औद्योगिक प्रशिक्षण विभाग के संयुक्त संचालक कार्यालय बिलासपुर ने प्रतिवेदन पुलिस को भेजा। इसके आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कूटरचना और धोखाधड़ी का अपराध दर्ज किया। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। कोर्ट के आदेश के बाद न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक लखन पटेल ने बताया, भर्ती प्रक्रिया में फर्जी अनुभव प्रमाण पत्र और बैंक स्टेटमेंट प्रस्तुत कर नौकरी हासिल करने की पुष्टि हुई है। संयुक्त संचालक की जांच रिपोर्ट मिलने के बाद अपराध दर्ज कर कार्रवाई की गई है, फर्जीवाड़ा करने वाले युवक को ज्यूडिशियल रिमांड पर जेल भेज दिया है।
