एम्स रायपुर में कराया गया भर्ती, उपचार के लिए मुख्यमंत्री ने स्वीकृत की चार लाख रुपए की सहायता राशि
धमतरी, सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के माध्यम से धमतरी जिले के देवपुर निवासी 29 वर्षीय शशिकांत भरत की स्वास्थ्य संबंधी गंभीर स्थिति की जानकारी मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय तक पहुंची। मुख्यमंत्री ने मामले का संज्ञान लेते हुए सोमवार को शशिकांत से दूरभाष पर बातचीत की और उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली। उन्होंने शशिकांत को बेहतर उपचार के लिए हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाते हुए आवश्यक चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया।
मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद जिला प्रशासन एवं जिला चिकित्सालय द्वारा आवश्यक चिकित्सकीय परीक्षण और न्यूरोलॉजिस्ट से परामर्श के उपरांत शशिकांत भरत को बेहतर उपचार के लिए 9 सितंबर की शाम रायपुर स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में भर्ती कराया गया है। एम्स में विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा उनका उपचार किया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने शशिकांत के उपचार के लिए चार लाख रुपए की सहायता राशि भी स्वीकृत की है।
मुख्यमंत्री से दूरभाष पर हुई बातचीत के दौरान शशिकांत भरत ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा स्वयं फोन कर हालचाल पूछना और बेहतर उपचार के लिए एम्स में व्यवस्था कराने के साथ चार लाख रुपए की सहायता राशि स्वीकृत करना उनके और उनके परिवार के लिए बड़ी उम्मीद और संबल है। शशिकांत ने मुख्यमंत्री की संवेदनशीलता एवं सहयोग के लिए धन्यवाद देते हुए उनके प्रति कृतज्ञता व्यक्त की।
उल्लेखनीय है कि शशिकांत वर्ष 2016 में भटगांव आईटीआई में अध्ययनरत थे। 11 नवंबर 2016 को ग्राम दुगली के पास सड़क दुर्घटना में उन्हें गंभीर चोटें आई थीं। दुर्घटना के बाद सर्वाइकल संबंधी समस्या के कारण उनके हाथ-पैरों की कार्यक्षमता प्रभावित हुई। शशिकांत के अनुसार, दुर्घटना के बाद वे करीब 50 दिनों तक कोमा में रहे। लंबे समय से विभिन्न अस्पतालों में उपचार के बावजूद उनकी स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हो पाया है। उनके उपचार में धमतरी और रायपुर सहित अन्य स्थानों के अस्पतालों में भी उपचार कराया गया है।
मुख्यमंत्री की पहल से अब शशिकांत को एम्स में विशेषज्ञ चिकित्सकीय उपचार मिलने की नई उम्मीद जगी है। जिला प्रशासन द्वारा भी उनके उपचार के संबंध में आवश्यक समन्वय एवं नियमानुसार सहयोग सुनिश्चित किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री द्वारा सोशल मीडिया के माध्यम से सामने आए एक जरूरतमंद नागरिक की पीड़ा का संज्ञान लेकर सीधे संवाद करना और उपचार के लिए तत्काल सहयोग उपलब्ध कराना शासन की संवेदनशीलता, मानवीय सरोकार और जरूरतमंद नागरिकों के साथ खड़े रहने की प्रतिबद्धता का उदाहरण है।
