रायपुर। मुजगहन थाना क्षेत्र में हुई एक सड़क दुर्घटना में 34 वर्षीय युवक की मौत का मामला सामने आया है। मर्ग जांच के बाद पुलिस ने लापरवाही से वाहन चलाने के अपराध को प्रमाणित मानते हुए संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर विवेचना प्रारंभ कर दी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार थाना मुजगहन में पदस्थ सहायक उप निरीक्षक (सउनि) द्वारा मर्ग क्रमांक 74/2025 धारा 194 बीएनएसएस की जांच की गई। जांच के दौरान मृतक तरूण साहू पिता कुमार साहू उम्र 34 वर्ष, निवासी बासीन थाना फिंगेश्वर जिला गरियाबंद के परिजनों कुमार साहू, कमलेश साहू एवं लेखुराम साहू के कथन लिए गए तथा घटना स्थल का नजरी नक्शा तैयार किया गया।
मर्ग सदर की जांच में यह तथ्य सामने आया कि घटना दिनांक 25 दिसंबर 2025 को घटित हुई थी। मृतक तरूण साहू वाहन क्रमांक CG04 PG 6110 का चालक था, जो वाहन को तेज गति एवं लापरवाही पूर्वक चलाते हुए सड़क किनारे खड़ी हाईवा वाहन क्रमांक CG17 KV 2826 से पीछे जा टकराया। इस भीषण टक्कर में मृतक को गंभीर चोटें आईं, जिससे उसकी मृत्यु हो गई। घटना के बाद घायल अवस्था में तरूण साहू को डॉ. भीमराव अंबेडकर स्मृति चिकित्सालय रायपुर लाया गया, जहां इलाज के दौरान दिनांक 25/12/2025 को सुबह 11 बजे उसकी मृत्यु हो गई। अस्पताल द्वारा मृत्यु की सूचना वार्ड बॉय नरहरि होता पिता दुखित श्याम उम्र 60 वर्ष, निवासी रायपुर के माध्यम से पुलिस को दी गई। सूचना मिलने पर थाना मुजगहन पुलिस द्वारा मर्ग पंचनामा की कार्रवाई की गई।
शव को पोस्टमार्टम हेतु मेकाहारा शव गृह भेजा गया। चिकित्सकीय रिपोर्ट में मृत्यु का संभावित कारण सड़क दुर्घटना से आई गंभीर अंदरूनी चोटें (A/H/O RTA c Blunt Trauma) बताया गया। मर्ग जांच में यह स्पष्ट हुआ कि दुर्घटना चालक की लापरवाही एवं तेज रफ्तार के कारण हुई, जिसके आधार पर वाहन क्रमांक CG04 PG 6110 के चालक के विरुद्ध धारा 106 बीएनएस के तहत अपराध घटित होना पाया गया। इसके पश्चात थाना मुजगहन में विधिवत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ कर दी गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में सभी आवश्यक दस्तावेज, अस्पताल मेमो, पंचनामा एवं प्रत्यक्ष तथ्यों के आधार पर जांच की जा रही है। जांच पूर्ण होने के बाद आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि सड़क पर वाहन चलाते समय यातायात नियमों का पालन करें और तेज गति व लापरवाही से बचें, ताकि इस प्रकार की दुखद घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
