पखांजूर के कापसी इलाके में स्थित श्री रामचंद्र अस्पताल में मंगलवार को उस समय भारी बवाल मच गया, जब इलाज के दौरान एक मासूम बच्ची की मौत हो गई। बच्ची की मौत की खबर फैलते ही परिजन और ग्रामीण आक्रोशित हो उठे। देखते ही देखते अस्पताल परिसर में हंगामा शुरू हो गया और गुस्साए लोगों ने अस्पताल में जमकर तोड़फोड़ कर दी।
स्थिति इतनी बिगड़ गई कि अस्पताल के बाहर स्टेट हाईवे पर चक्काजाम कर प्रदर्शन शुरू कर दिया गया। बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए, जिससे पूरे इलाके में तनाव का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही पखांजूर पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रित करने की कोशिश में जुट गई।
आखिर कैसे हुई बच्ची की मौत?
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार बच्ची को तबीयत बिगड़ने पर अस्पताल लाया गया था। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल प्रबंधन और डॉक्टरों की लापरवाही के कारण बच्ची की जान गई। हालांकि अस्पताल प्रशासन की ओर से अभी तक इस मामले में कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय पर सही इलाज मिलता तो बच्ची की जान बच सकती थी। इसी आरोप को लेकर लोगों का गुस्सा भड़क उठा और अस्पताल में तोड़फोड़ शुरू हो गई।
अस्पताल में क्या-क्या हुआ?
हंगामे के दौरान ग्रामीणों ने:
- अस्पताल के फर्नीचर और मेडिकल सामान को नुकसान पहुंचाया
- कई उपकरण बाहर सड़क पर फेंक दिए
- अस्पताल के मुख्य गेट पर प्रदर्शन किया
- स्टेट हाईवे पर चक्काजाम कर यातायात रोक दिया
घटना के बाद अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। मरीजों और उनके परिजनों में भी डर का माहौल देखा गया।
पुलिस ने संभाला मोर्चा
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस अधिकारियों ने लोगों को शांत कराने की कोशिश की और मामले की जांच का भरोसा दिलाया।
सूत्रों के मुताबिक प्रशासन पूरे मामले की जांच कर सकता है। यदि लापरवाही सामने आती है तो अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ कार्रवाई भी संभव मानी जा रही है।
इलाके में तनाव, लोग मांग रहे न्याय
ग्रामीणों की मांग है कि बच्ची की मौत की निष्पक्ष जांच हो और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए। लोगों का कहना है कि निजी अस्पतालों की मनमानी और लापरवाही पर प्रशासन को सख्त कदम उठाने चाहिए।
फिलहाल इलाके में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है। पुलिस लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोका जा सके।
क्यों बन रही है यह खबर बड़ी?
- बच्ची की मौत के बाद लोगों का फूटा गुस्सा
- अस्पताल में भारी तोड़फोड़
- हाईवे जाम से यातायात प्रभावित
- लापरवाही के आरोपों ने बढ़ाया विवाद
- पूरे इलाके में तनाव का माहौल
इस घटना ने एक बार फिर स्वास्थ्य व्यवस्था और निजी अस्पतालों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब सभी की नजर प्रशासनिक जांच और आगे की कार्रवाई पर टिकी हुई है।
